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Vinay kumar Sah

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Cryptocurrency क्या होता है? पूरी जानकारी हिंदी में।

नमस्कार दोस्तों 

मै विनय आपका दोस्त 

आपका बहुत बहुत स्वागत है 

आशा करता हूँ आप अच्छे और स्वस्थ होंगे


Cryptocurrency क्या होता है? पूरी जानकारी हिंदी में।  
क्या आप जानते हैं Cryptocurrency क्या होता हैं तो इसका जवाब होगा हाँ क्योंकि आप इस पोस्ट को पढ़ रहे हैं तो मैं आपको एक बात साफ कर देना चाहता हूँ कि आपने हमारा यह पोस्ट पूरा पढ़ लिया तो आपको Cryptocurrency के बारे में काफी सारी जानकारी मिल जायेगी।  

वैसे भी आज के समय में आप Cryptocurrency का नाम बहुत ज्यादा सुन रहे हैं या आपने Bitcoin का नाम तो सुना होगा तो मैं आपको बता दूँ कि Bitcoin एक Cryptocurrency हैं जो आज इतना चर्चा में हैं मगर उससे पहले आपको यह जानना होगा कि आखिर यह Cryptocurrency क्या होता हैं और क्या इसे कोई देश बनाता हैं। 
अगर आप इन सभी सवालो के जवाब जानना चाहते हैं तो आपको यह हमारा पोस्ट पूरा पढ़ना होगा। जिसमें हमने Cryptocurrency संबंधित काफी कुछ समझाया। तो चलिए फिर आगे बढ़ते हैं और समझते हैं कि Cryptocurrency क्या हैं और यह कैसे काम करता हैं तो चलिए शुरू करते हैं?
 
Cryptocurrency क्या हैं? 
Cryptocurrency एक डिजिटल करेंसी हैं जिसको डिसेंट्रलाइज़्ड सिस्टम यानि विकेन्द्रीकरण प्रणाली द्वारा मैनेज यानि प्रबंधित किया जाता हैं। इसमें प्रत्येक लेनदेन का डिजिटल सिग्नेचर द्वारा वेरीफिकेशन किया जाता हैं। वही Cryptocurrency की मदद से हिसाब किताब रखा जाता हैं।  
साधारण भाषा में कहे तो यह Block Chain Technology पर आधारित हैं। एक Virtual Currency यानि आभासी मुद्रा हैं जो Cryptocurrency सुरक्षित हैं और इसे हैक करना लगभग नामुमकिन हैं। वही Cryptocurrency एक Peer to Peer प्रणाली हैं।  

जो कंप्यूटर अल्गोरिथम पर बनी हैं यानि इसका कोई भौतिक रूप नहीं हैं यानि आप इसे छू नहीं सकते हैं। यह हमेशा Digit या अंको के रूप में रहती हैं और इसकी बड़ी खासियत यह हैं कि यह पूरी तरह से डिसेंट्रलाइज़्ड हैं यानि इस पर किसी देश या सरकार का कोई नियंत्रण नहीं हैं।  

इस कारण इसे शुरुआत में Illegal अवैध कामें के लिए इस्तेमाल किया जाता हैं मगर धीरे धीरे Bitcoin की लोकप्रियता को देखते हुए इसे कई देशो में लीगल कर दिया गया यानि आप इसे खरीद या बेच सकते हैं मगर अभी भी कुछ देशो ने प्रतिबंध लगा रखा हैं यानि आप इसे कुछ देशों में खरीद व बेच नहीं सकते हैं। 

Cryptocurrency की Value क्या हैं?
मैंने आपको पहले ही बताया की Cryptocurrency का कोई भौतिक रूप नहीं होता यानि आप न तो इसे छु सकते हैं और न ही अपनी तिजोरी में रख सकते हैं। यह हमेशा डिजिट के रूप में ऑनलाइन रहती हैं। इसलिए इसे डिजिटल virtual मनी और इलेक्ट्रॉनिक मनी भी कहते हैं।  

मगर इसकी अपनी एक Value यानि कीमत होती हैं जिससे आप कोई भी सामान खरीद सकते हैं मगर इसकी कोई निश्चित कीमत नहीं होती यानि इसकी कीमत घटती या बढ़ती रहती हैं।  
Cryptocurrency की कीमत मात्र खरीदने व बेचने पर निर्भर करती हैं मतलब जितने ज्यादा लोग इसे खरीदेंगे।इसकी कीमत बढ़ जायेगी और जितने ज्यादा लोग इसे बेचेंगे इसकी कीमत कम हो जायेगी। 
    
Cryptocurrency कैसे काम करती हैं? 
यह Blockchain के माध्यम से काम करती हैं। ब्लॉक चैन एक ऐसी Technology हैं जिसके द्वारा Transaction की Interest को Save करके रखा जाता हैं यानि कि यह डिजिटल बहीखाता हैं। जब भी कोई डिजिटल लेनदेन होता हैं तो उसकी पूरी जानकारी एक ब्लॉक के रूप में save हो जाती हैं। ब्लॉक के अंदर डाटा को Cryptography टेक्नोलॉजी द्वारा इनकोड करके रखा जाता हैं। जिसे Hash कहते हैं। 
 
यह एक प्रकार की High Security हैं जिसके द्वारा इसे सुरक्षित रखा जाता हैं। ऐसे ही बढ़ती हुई Transaction के साथ ब्लॉक एक दूसरे से जुड़ जाते हैं। जब यह सभी ब्लॉक एक दूसरे से जुड़ते चले जाते हैं 
तो ब्लॉक्स की एक चैन बन जाती हैं जिसे ब्लॉक चैन कहा जाता हैं।  ब्लॉकचैन में कोई भी सेंट्रलाइज्ड सिस्टम नहीं होता हैं यानि इसमें क्रेता एवं विक्रेता यानि खरीदने वाले और बेचने वाले के बिच कोई बिचौलिया नहीं होता हैं। 
 
Block chain कैसे काम करता हैं?
चलिए एक उदहारण से समझते हैं मान लीजिये कि आप किसी पार्टी का हिस्सा हैं जिसमें हर महीने प्रत्येक सदस्य द्वारा कुछ पैसे कमा सकते हैं और जमा किये गए पैसे का हिसाब एक सदस्य द्वारा लिखित रूप में लिखा जाता हैं।

आप समझ सकते हैं कि लिखित हिसाब में बहुत आसानी से बदलाव किया जा सकता हैं यानि कि इसमें धोखाधड़ी भी हो सकती हैं। सोचिए यदि वहाँ पर ब्लॉकचैन का इस्तेमाल किया जाये तो क्या होगा जैसे ही किसी सदस्य ने पैसे जमा कराये। 
 
उसकी डिजिटल एंट्री हो जाएँगी और उस Transaction से जुड़ी सारी जानकारी Block के जरिये Ledger में भी Save हो जाएंगे। उसके बाद में एंट्री की कॉपी सभी सदस्य के पास पहुंच जाएंगी। 
 
जिसे एक बार करने के बाद बिना सदस्यों के मंजूरी के बदलना मुश्किल हो जाएगा और इनमें नए व पुराने डाटा भी Blocks में Save हो जायेंगे। ब्लॉक चैन टेक्नोलॉजी को डिजिटल करेंसी यानि बिटकॉइन के लिए बनाया गया था जिसमें बिटकॉइन ट्रांजक्शन की सारी जानकारी ब्लॉक चैन द्वारा रखी जाती हैं। 

Cryptocurrency Market क्या हैं? 
Cryptocurrency Market यानि कि वह जगह जहाँ पर इसे ख़रीदा और बेचा जा सकता हैं और इसकी ट्रेडिंग की जा सकती हैं। इसे Cryptocurrency Exchange और Crypto Market के नाम से जाना जाता हैं। 
 
यहाँ पर आप कोई सी भी Cryptocurrency बेच सकते हैं और खरीद सकते हैं और इन्वेस्ट भी कर सकते हैं।  जैसे: Bitcoin, Monera आदि।  Cryptocurrency Agency  वैसे तो क्रेडिट कार्ड वायर ट्रांसफर और अन्य डिजिटल माध्यमो से पेमेंट यानि भुगतान स्वीकार किये जाते हैं। 
 
यहाँ आप कागजी मुद्रा को Cryptocurrency और Cryptocurrency को कागजी मुद्रा या अपनी देश की करेंसी में बदल सकते हैं यानि अपनी बहुत ही आसान भाषा में समझे तो Cryptocurrency Market का मतलब यह होता हैं कि जहाँ पर अपने देश की करेंसी के बदले कोई भी Cryptocurrency खरीद सकते हैं और जब चाहे उसे बेच सकते हैं। 
 
Top 10 cryptocurrency खरीद सकते हैं। 
Binance 
Coinbase 
Bitfinex 
Kraken 
Bithumb 
Bitflyer 
Coniine 
Bit stamp 
Cucoin 
Crypto 

यहाँ पर मात्र 10 वेबसाइट के बारे में बताया गया है। जिन पर आप Cryptocurrency खरीद और बेच सकते हैं। मगर ऐसी कई और भी वेबसाइट है। जिन पर आप यह सब कर सकते हैं। 

आप इंटरनेट पर सर्च करके उन सभी के बारे में जान सकते है। मगर हमने जिनके बारे में बताया है। वह भी बहुत अच्छी है और भरोसेमंद भी 

Cryptocurrency के फायदे क्या है?
अब बात आती है कि Cryptocurrency के फायदे क्या है। अगर हम किसी भी चीज का इस्तेमाल करते है तो तभी करते है जिससे हमें कोई फायदा होता है। तो चलिये जानते हैं। इसके कुछ फायदों के बारे में। 

1. Cryptocurrency एक Digital Currency हैं। जिसमें धोखाधड़ी होने की गुंजाईश बहुत कम हैं। 
2. इसे खरीदना या बेचना और इसमें निवेश करना बहुत ही आसान हैं। इसके लिए बहुत सारे Digital Wallet उपलब्ध है। 
3. इसे सुरक्षित करने के लिए किसी बैंक की जरुरत नहीं है। 
4. Cryptocurrency को किसी भी देश की सरकार या व्यक्ति द्वारा नियंत्रित नहीं किया जाता है। 
5. यह एक Secure यानि सुरक्षित Currency हैं। 

चलिए अब आगे जानते हैं कि Cryptocurrency के कुछ नुकसान के बारे में। 

Cryptocurrency के नुकसान क्या है?
हमने Cryptocurrency के फायदे तो देख लिए मगर इसके कुछ नुकसान भी हैं क्योंकि जिस चीज के फायदे होते हैं उसके कुछ नुकसान भी होते हैं। यह बात भी Cryptocurrency पर भी लागु होती है। इसलिए इसके नुकसान कुछ इस प्रकार हैं। 

1. Cryptocurrency का एक सबसे बड़ा नुकसान यह है कि इस पर किसी भी देश का नियंत्रण नहीं हैं। जिससे इसके कोई निश्चित कीमत नहीं हैं और इसलिए इसकी कीमत बढ़ती व कम होती रहती है। 

2. Cryptocurrency का एक नुकसान यह है कि इसका उपयोग सबसे ज्यादा अवैध कामों में किया जाता हैं। जैसे: गैर क़ानूनी हथियार, ड्रग्स और चोरी के क्रेडिट कार्ड और डेबिट कार्ड आदि खरीदने में पेमेंट यानि भुगतान करने के लिए इसका उपयोग किया जाता हैं। 
3. इसके अलावा इसका कोई भौतिक स्वरूप नहीं है। यानि इसके नोटों और सिक्के नहीं होते हैं। 

चलिए आगे जानते है कि Cryptocurrency खरीदना क़ानूनी हैं या गैर क़ानूनी। 

Cryptocurrency खरीदना क़ानूनी हैं या गैर क़ानूनी।        
अब बात आती है कि Cryptocurrency खरीदना क़ानूनी है या गैर क़ानूनी तो इसका जवाब हाँ और ना दोनों है क्योंकि यह कई देशों में क़ानूनी यानि वैध है और कई देशों में गैर क़ानूनी यानि अवैध हैं। 
मगर कुछ समय से इसकी लोकप्रियता बहुत बढ़ गई है इसलिए ज्यादातर देशों में यह वैध हैं यानि आप इसे खरीद और बेच सकते हैं। वहीँ अगर हम बात करें अपने देश भारत की तो भारत में Cryptocurrency खरीदना वैध हैं यानि कि आप भारत में Cryptocurrency खरीद और बेच सकते हैं। 

चलिए अभी तक हमने Cryptocurrency के बारे में बहुत कुछ जाना है। चलिए अब आगे जानते हैं। टॉप Cryptocurrency के बारे में जिन्हे सबसे ज्यादा ख़रीदा जाता है। 

Top Cryptocurrency जो भारत में सबसे ज्यादा प्रसिद्ध है। 
Cryptocurrency का नाम सुनते ही ज्यादातर लोगों के मन में सिर्फ एक ही नाम आता है और वह है Bitcoin 
दुनिया में और भी बहुत सारे Cryptocurrency है जिन्हे ज्यादातर लोग नहीं जानते हैं। तो चलिए जानते है कुछ Popular Cryptocurrency के बारे में। 

Bitcoin: यह दुनिया की पहली ऐसी Cryptocurrency हैं जो इतनी सफल हुई है। इसे 2009 में सतोशी नाकामोतो नाम के व्यक्ति ने बनाया था। शुरुआत के समय में इसे बहुत ही संघर्ष करना पड़ा। मगर आज यह दुनिया की सबसे महँगी Digital Currency हैं।    

Etherium: यह एक Decentralised Open Source Block Chain हैं। जो Coin Market Cap के हिसाब से दुनिया की दूसरी सबसे बड़ी Cryptocurrency हैं। इसी 2015 में इसे लांच किया गया था। इसे Ether के नाम से भी जाना जाता है। 

Ripple: यह एक Real Time Gross Settlement System और ब्लॉकचैन नेटवर्क है। इसे सन 2012 में एक अमेरिकी कंपनी Ripple Labs Inc. द्वारा बनाया गया था। यह Cryptocurrency के साथ साथ Crypto Exchange  भी है। 

Lightcoin: यह एक Peer to Peer Cryptocurrency हैं जो एक Open Source Crypto Graphical Plateform पर आधारित हैं। इसकी शुरआत October 2011 में हुई थी। 

Tether: इस Cryptocurrency की शुरुआत जुलाई 2014 में Realcoin नाम से हुई थी। लेकिन 20 नवंबर 2014 में इसका नाम बदलकर Tether कर दिया गया। इसे Stablecoin भी कहा जाता है क्योंकि इसे हमेशा 1 Doller मूल्य के लिए Design किया गया था। 

Monero: यह एक Decentralised Open Source Block Chain हैं जो मूल रूप से Privacy और Decentralisation पर Focus करती है। यह अपने Security Feature के लिए प्रसिद्ध हैं। मगर इसका ज्यादातर इस्तेमाल Dark Web पर अवैध कामों के लिए किया जाता है। इसे 2014 में लॉंच किया गया था। 

Peercoin: Peercoin को PPcoin, P2Pcoin, PPC और Peer to Peer coin के नाम से भी जाना जाता है। यह Peer to Peer Cryptocurrency हैं जो Bitcoin Framework पर आधारित है। लेकिन इसकी Energy Efficiency, Bitcoin से 100 गुना ज्यादा है। इसके अलावा Peercoin पहली ऐसी Cryptocurrency है जो Proof of Work और Proof of Stack का Combination इस्तेमाल करती है और इसे 2012 में लॉंच किया गया था।   

Bit Torrent: इस Cryptocurrency को Tron Foundation द्वारा बनाया गया था। यह एक Peer to Peer File Sharing Protocol है जो Blockchain Technology पर आधारित है। इसका मूल उद्देश्य Untrusting Process Participatiant के बीच File Transfer को आसान बनाना है। 

Dogecoin: यह भी एक Cryptocurrency है जो बहुत ज्यादा Popular है। इसकी शुरुआत सन 2013 में हुई थी। इसको बिली मार्क्स नाम के व्यक्ति ने बनाया था।     

आशा करता हूँ कि आज के इस पोस्ट में आपने बहुत कुछ सीखा होगा। 
दोस्तों अगर ये जानकारी आपको अच्छी लगी हो तो दोस्तों के साथ Share जरूर करें 

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